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भोपाल के ऐशबाग में घर में घुसकर दंपती की बेरहमी से हत्या,

रिटायर्ड रेलकर्मी के मुंह में कट्टा घुसाकर मारी गोली, पत्नी की भी हत्या… किराएदारों को दो दिन तक नहीं लगी भनक

भोपाल के ऐशबाग में घर में घुसकर दंपती की बेरहमी से हत्या, पुलिस खंगाल रही संपत्ति विवाद और अन्य एंगल

        मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के ऐशबाग इलाके में एक सनसनीखेज दोहरे हत्याकांड ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी है। सुदामा नगर में रहने वाले सेवानिवृत्त रेलकर्मी हेमंत फिलेमोन उर्फ हेमंत बारिक और उनकी पत्नी शकुंतला फिलेमोन की उनके ही घर में घुसकर हत्या कर दी गई। वारदात इतनी खामोशी से अंजाम दी गई कि आसपास रहने वाले किराएदारों तक को इसकी भनक तक नहीं लगी। दो दिन बाद जब घर का दरवाजा नहीं खुला और अनहोनी की आशंका हुई, तब मामले का खुलासा हुआ।

पुलिस जब मौके पर पहुंची तो घर के अंदर का दृश्य देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए। हेमंत का शव कमरे में पलंग पर पड़ा था, जबकि उनकी पत्नी शकुंतला का शव सोफे पर मिला। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हत्यारे ने बड़ी बेरहमी से वारदात को अंजाम दिया। हेमंत के मुंह में देसी कट्टा घुसाकर गोली मारी गई, जबकि उनकी पत्नी को कनपटी और सीने पर गोली मारी गई।

फिलहाल हत्या की वजह साफ नहीं हो पाई है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है और हर संभावित पहलू को खंगाला जा रहा है।

दो दिन तक बंद रहा घर, फिर हुआ खुलासा

बताया जा रहा है कि हेमंत फिलेमोन और उनकी पत्नी शकुंतला अपने घर में अकेले रहते थे। मकान में कुछ किराएदार भी रहते थे, लेकिन उन्हें भी इस खौफनाक वारदात की जानकारी नहीं हुई।

पिछले दो-तीन दिनों से दंपती के घर का दरवाजा नहीं खुला था। आमतौर पर आने-जाने वाले लोगों को जब घर में असामान्य स्थिति नजर आई तो उन्हें शक हुआ। इसके बाद किराएदारों ने पुलिस को सूचना दी।

सूचना मिलते ही ऐशबाग थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दरवाजा खुलवाकर अंदर प्रवेश किया तो दोनों के शव बरामद हुए। घर के अंदर खून के निशान और गोली चलने के सबूत मिले। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारी और फोरेंसिक टीम को बुलाया गया।

मुंह में कट्टा डालकर मारी गोली

पुलिस की शुरुआती जांच में हत्या की क्रूरता सामने आई है। जांच अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी ने हेमंत को निशाना बनाकर उनके मुंह में देसी कट्टा डालकर गोली चलाई। यह तरीका बताता है कि हत्यारे को पीड़ित से कोई व्यक्तिगत दुश्मनी हो सकती है।

वहीं पत्नी शकुंतला को भी गोली मारी गई। उनके शरीर पर कनपटी और सीने पर गोली लगने के निशान मिले हैं। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या दोनों को पहले किसी तरह से काबू किया गया था या फिर अचानक हमला किया गया।

मौके से पुलिस को एक गोली और तीन खाली खोखे मिले हैं। इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि हमलावर ने एक से अधिक फायर किए।

मोबाइल गायब, जांच में जुटी पुलिस

घटना के बाद पुलिस को मृतकों के मोबाइल फोन नहीं मिले हैं। मोबाइल गायब होना जांच का महत्वपूर्ण बिंदु माना जा रहा है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या आरोपी मोबाइल अपने साथ ले गया या फिर हत्या के पीछे कोई और कारण है।

तकनीकी जांच के लिए पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। इसके अलावा मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि घटना के समय घर में कौन आया था और वारदात को किसने अंजाम दिया।

13 लाख रुपये की जमीन बिक्री का एंगल

पुलिस जांच में एक और महत्वपूर्ण बात सामने आई है। मृतक हेमंत के भतीजे ने बताया कि करीब पांच महीने पहले इटारसी स्थित पैतृक जमीन बेची गई थी। यह जमीन लगभग 13 लाख रुपये में बिकी थी।

परिवार के अनुसार, इस रकम में हेमंत का भी हिस्सा था। इस बात की जानकारी परिवार के कुछ करीबी लोगों को ही थी। पुलिस अब इस पहलू को भी जांच के दायरे में लेकर चल रही है।

जांच अधिकारी यह पता कर रहे हैं कि कहीं पैसों के लेन-देन या संपत्ति विवाद के कारण तो इस दोहरे हत्याकांड को अंजाम नहीं दिया गया।

हालांकि पुलिस ने अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से इनकार किया है। हर संभावना की जांच की जा रही है।

परिवार में पसरा मातम

दंपती की हत्या की खबर मिलते ही परिवार और रिश्तेदारों में मातम छा गया। हेमंत के परिचितों के अनुसार वह शांत स्वभाव के व्यक्ति थे और रिटायरमेंट के बाद सामान्य जीवन बिता रहे थे।

लोगों के लिए यह विश्वास करना मुश्किल है कि किसी ने उनके घर में घुसकर इतनी बड़ी वारदात को अंजाम दे दिया और किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी।

परिवार के लोग भी यह समझ नहीं पा रहे हैं कि आखिर ऐसी कौन सी वजह थी जिसके चलते दंपती को निशाना बनाया गया।

फोरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य

घटना के बाद पुलिस की फोरेंसिक टीम ने घर की बारीकी से जांच की। कमरे से मिले सामान, गोली के खोखे, फिंगरप्रिंट और अन्य तकनीकी सबूत जुटाए गए हैं।

पुलिस का मानना है कि वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी तक पहुंचने में मदद मिल सकती है।

अधिकारियों ने बताया कि मामले में जल्दबाजी में किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जाएगा। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस कमिश्नर ने कहा- सभी पहलुओं की जांच जारी

भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मामला हत्या का प्रतीत हो रहा है। पुलिस डिजिटल साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और अन्य तकनीकी तथ्यों के आधार पर जांच कर रही है।

उन्होंने कहा कि पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। आरोपी को पकड़ने के लिए अलग-अलग टीमों को लगाया गया है।

फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर हेमंत और शकुंतला को किसने और क्यों मारा। दो दिन तक घर में शव पड़े रहे और आसपास रहने वाले लोगों को इसकी जानकारी तक नहीं हुई, यह बात भी इस घटना को और रहस्यमय बना रही है।

पुलिस अब इस दोहरे हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने में जुटी है। आने वाले दिनों में जांच से कई चौंकाने वाले खुलासे होने की उम्मीद है।